International Yoga Day 2022: 21 जून को योग दिवस मनाने की ये है खास वजह

दुनिया में हर साल 21 जून का दिन अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के तौर पर मनाया जाता है. ऐसा माना जाता है कि मानव सभ्यता की शुरुआत से ही योग किया जा रहा है. 11 दिसंबर 2014 को संयुक्त राष्ट्र महासभा ने हर साल 21 जून का दिन अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के तौर पर मनाए जाने की घोषणा की थी.

मानव सभ्यता की शुरुआत से है योग 

मान्यता के अनुसार मानव सभ्‍यता की शुरुआत से ही योग किया जा रहा है. योग के विज्ञान की उत्‍पत्ति हजारों साल पहले धर्मों या आस्‍था के जन्‍म लेने से भी काफी पहले हो गई थी. योग विद्या के अनुसार शिव को पहले योगी या आदि योगी तथा पहले गुरू या आदि गुरू के रूप में माना जाता है. योग एक संस्कृत शब्द है. ऋग्वेद में की गई इसकी व्याख्या के अनुसार योग एक ऐसी शक्ति है जिससे हम अपने मन, मस्तिष्क और शरीर को एक सूत्र में पिरो सकते हैं .

21 जून को ही क्यों मनाया जाता है योग दिवस

हर साल 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस मनाया जाता है. ये दिन पूरे साल का सबसे लंबा दिन होता है. 21 जून को ग्रीष्म संक्रांति के दिन दक्षिणायन हो जाता है. इस दिन सूर्य की रोशनी सबसे ज्यादा पड़ती है जिसकी वजह से ये साल का सबसे लंबा दिन होता है. ऐसे में योग के निरंतर अभ्यास से व्यक्ति को लंबा जीवन मिलता है. इसलिए इस दिन को योग दिवस मनाने के लिए चुना गया है.

क्यों मनाते हैं योग दिवस ?

 स्वस्थ जीवन जीने की कला को योग कहते हैं। संपूर्ण विश्व के लोग अच्छी सेहत प्राप्त करने के लिए योग की ओर मुड़ष और नियमित योग करके खुद और निरोगी और स्वस्थ रखें साथ ही जो लोग मोक्ष प्राप्त करना चाहते हैं उनके लिए योग सबसे सरल रास्ता है। योग सभी मनुष्य को आपस में जोड़कर परस्पर प्रेम और सद्भाव की भावना का विकास करता है। यह धर्म, जाति, संप्रदाय और देश से ऊपर मनुष्य को मनुष्य से जोड़ता है।

ये भी पढ़े:-

Comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

%d bloggers like this: